यह ब्लॉग नई और रोचक हिन्दी भाषा की कविताओं ,भजनों,गीतों इत्यादि से सुसज्जित है|सभी कृतियां मेरे द्वारा लिखित हैं और इनका कहीं भी प्रकाशन अवैध है | कुछ चित्रों को गूगल इमेजेस से लिया गया है | लेखिका : अर्चना
आज बजे है शहनाई
आने वाला है नया साल
आज की रात को
हम सब जगेगें
पूरी रात मिल के डिस्को करेंगे
क्यूँकि आने वाला है
आने वाला है
आने वाला है नया साल
।।।।।।।
चाहे हो सिंगल या फिर हो कपल
मस्ती करनी है
छोड़ो सारे ट्रबल
बस दिल से दिल मिलाओ
थोड़ा सा मुस्कुराओ
जो भी तुमको दिखे
उसे प्यारी सी झप्पी पाओ
प्यारी सी झप्पी पाओ
प्यारी सी झप्पी पाओ
क्यूँकि आने वाला है
आने वाला है
आने वाला है नया साल
।।।।।।।
कोई बहाना तुम ना बनाना
चाहे तो मम्मी - डेडी
दोनो को लाना
बेफिक्र बनेंगे हम
सब भूल जाएंगे ग़म
हम तब तक नाचेंगे
जब तक फ़्लोर में होगा दम
हाँ - फ़्लोर में होगा दम
हो - फ़्लोर में होगा दम
क्यूँकि आने वाला है
आने वाला है
आने वाला है नया साल
आने वाला है नया साल
आने वाला है नया साल
||||||||
आज की रात को
राधा - राधा रटना सुबह और शाम
राधा - राधा रटना सुबह और शाम बाँके बिहरी का बस यही काम ये जग करता है जिनको प्रणाम वो तो हैं राधे के ग़ुलाम हाँ ,वो तो हैं राधे के ग़ुलाम - ३
जब देखो कान्हा के नैना राधा बिन नहीं इनको चैना -२हो जब देखो कान्हा के नैना राधा बिन नहीं इनको चैना इनकी मुरली भी, इनकी मुरली भी,छेड़े है राधा की तान वो तो हैं राधे के ग़ुलाम - ३ जब देखो कान्हा की सूरत दिखती है राधा की मूरत -२ जब देखो कान्हा की सूरत दिखती है राधा की मूरत हो इनकी बातों में, इनकी बातों में होता किशोरी का बखान वो तो हैं राधे के ग़ुलाम -३
आज मचा है कैसा गोकुल में शोर
आज मचा है कैसा गोकुल में शोर
आ जाओ,आ जाओ ,आ जाओ , कान्हा आ जाओ
आ जाओ,आ जाओ ,आ जाओ , कान्हा आ जाओ - २
देश भक्ति पर नया गीत । मेरा देश है महान मेरा देश ही महान रहेगा
देश भक्ति पर नया गीत । मेरा देश है महान मेरा देश ही महान रहेगा
मेरा देश है महान
मेरा देश ही महान रहेगा
सभ्यता और संस्कृति की
ये हमेशा एक मिसाल रहेगा
मेरा देश है महान
मेरा देश ही महान रहेगा
सभ्यता और संस्कृति की
ये हमेशा एक मिसाल रहेगा
*****
देखो इसकी शान ऐसी
कश्मीर से कन्यकुमारी
कितने अद्भुत लोग इसके
बोलें बोली प्यारी -प्यारी
ऐसा देश तुमको धूँडे से भी ना मिलेगा
ऐसा देश तुमको धूँडे से भी ना मिलेगा
*****
एक तरफ़ खड़ा हिमालय
कल- कल बहती गंगा न्यारी
महाकुंभ में लगा के डुबकी
पीढ़ियों तक मिले हे मुक्ति
आस्था और धर्म की यहाँ बच्चे सुनते कहानी
आस्था और धर्म की यहाँ बच्चे सुनते कहानी
*****
चाहे कोई दुश्मन आए
या कोई हो महामारी
इसकी एकता के आगे
सब ने रो के हार मानी
मेरे देश का हर इंसा कहता खुद को पहले हिंदुस्तानी
खुद को पहले हिंदुस्तानी
खुद को पहले हिंदुस्तानी
खुद को पहले हिंदुस्तानी
.jpg)